कोशिका भित्ति | परिभाषा, खोज, कार्य, निर्माण, Cell wall in Hindi

नमस्कार दोस्तों आज हम कोशिका भित्ति के बारे में A to Z पढ़ेंगे जैसे – कोशिका भित्ति किसे कहते है, किसमे मिलती है, खोज किसने की, किससे बनी होती है, इत्यादि। तो चलिए बिना समय बर्बाद किये शुरू करते है

कोशिका भित्ति किसे कहते है? Koshika bhitti kise kahate hain?

कोशिका, प्लाज्मा झिल्ली के बाद बाहर से एक और परत से घिरी होती है जिसे कोशिका भित्ति (Cell Wall) कहते है। यह दृढ़ निर्जीव आवरण होता है। 

कोशिका भित्ति के कार्य –

कोशिका भित्ति कोशिका को सुरक्षा प्रदान करता है। और कोशिका की आकृति बनाये रखने में सहायता करता है। यह कोशिका को फटने से बचाता है।

कोशिका भित्ति की खोज किसने की थी?

सबसे पहले रॉबर्ट हुक ने कोशिका भित्ति की खोज 1665 ई0 में किया था।

कोशिका भित्ति किसमे में मिलती है? Koshika bhitti kahan pai jaati hai?

कोशिका भित्ति पादपो, कवको शैवालो और जीवाणुओं में मिलती है लेकिन जन्तुओ में नहीं मिलती है।

पादपों की कोशिका भित्ति किसकी बनी होती है? Padap koshika bhitti bani hoti hai?

पादप कोशिका भित्ति सेलुलोज, हेमीसेलुलोज और पेक्टिन से मिलकर बनी होती है।

कवक की कोशिका भित्ति किसकी बनी होती है? Kavak ki koshika bhitti kiski bani hoti hai?

कवक में कोशिका भित्ति काईटिन से बनी होती है।

शैवाल की कोशिका भित्ति किसकी बनी होती है? Shaiwalon ki koshika bhitti kiski bani hoti hai?

शैवालो की कोशिका भित्ति सेलुलोज, गैलेक्टेंस, मैनान्स और खनिज से मिलकर बना होता है।

जीवाणु की कोशिका भित्ति किसकी बनी होती है?

जीवाणुओं में कोशिका भित्ति Peptidoglycan, और म्युरीन से मिलकर बना होता है।

अब हम बात करेंगे कि –

कोशिका विभाजन में कोशिका भित्ति का निर्माण कैसे होता है?

या कोशिका भित्ति का निर्माण कैसे होता है? 

कोशिका विभाजन में सबसे पहले केन्द्रक दो भागो में विभाजित होता है। केन्द्रक के विभाजन को कैरियोकाईनेसिस कहा जाता है। उसके बाद कोशिका द्रव्य विभाजित होता है जिसे साइटोकाईनेसिस कहते है।

पादप कोशिकाओ में भी केन्द्रक विभाजन के बाद कोशिका द्रव्य विभाजित होता है लेकिन कोशिका द्रव्य का विभाजन एक विधि से होता है जिस प्रक्रिया का नाम कोशिका प्लेट विधि है। इस विधि में कोशिका में उपस्थित Endoplasmic reticulum (ER) और गोल्जीकाय बीच में आकर इकट्ठे हो जाते है।

और ये केंद्र से परिधि की ओर बढ़ते – बढ़ते एक प्लेट बना देते है। और इस प्लेट की वजह से कोशिका द्रव्य दो भागो में विभाजित हो जाती है ये प्लेट दो कोशिकांगो से मिलकर बनी है Endoplasmic reticulum (ER) और गोल्जीकाय।

और वो गोल्जीकाय जो पादप कोशिका में मिलते है उन्हें डिक्टियोसोम कहते है। अब ये दोनों कोशिकांग एक रसायन स्रावित करते है जो कैल्शियम और मैग्नीशियम पेक्टेट होता है। अब ये दोनों कोशिकांग इस रसायन को बीच में छोड़कर आधे इस कोशिका द्रव्य में और आधे उस कोशिका द्रव्य में चले जाते है। और ये रसायन एक पट्टीदार संरचना बनाती है जिसे मध्यपटलिका (Middle lamella) कहते है। 

कोशिका भित्ति cell wall in hindi koshika bhitti
कोशिका भित्ति Image credit – GeeksforGeeks.org

दोनों कोशिका में ER और गोल्जीकाय उपस्थित है। अब ये दोनों फिर से मध्यपटलिका के दोनों तरफ एक रसायन स्रावित करते है जो सेलुलोज, हेमिसेलुलोज और पेक्टिन होता है। जब स्रावित कर दिया तो दोनों तरफ एक लेयर बन जाती है जिसे प्राथमिक भित्ति कहते है।

अब यह अपना काम करेगी लेकिन जब यह प्राथमिक भित्ति धीरे – धीरे बूढ़ी या वृद्ध होती जाएगी तब यह कोशिका के अन्दर की तरफ खिसक जाएगी और इसके स्थान पर एक और नई प्राथमिक भित्ति बन जाएगी अब जो प्राथमिक भित्ति अन्दर खिसक कर गयी है उसे द्वितीय भित्ति कहते है। यह प्रक्रिया बार – बार होती रहती है। यही प्राथमिक भित्ति और द्वितीय भित्ति मिलकर कोशिका भित्ति कहलाती है। 

जैसे कि आपको पता है कि दोनों कोशिका के कोशिका भित्ति के बीच में मध्यपटलिका स्थित होता है इन दोनों के बीच में जीवद्रव्य तंतु (प्लाज्मोडैस्मेटा) आड़े – तिरछे रूप में स्थित रहते है जो आस – पास की कोशिका द्रव्य को जोड़ते है। 

आशा करता हूँ दोस्तों आपको कोशिका भित्ति के बारे में दी गई जानकारी पसंद आयी होगी। पसंद आयी है तो इसे अपने दोस्तों के साथ भी शेयर कीजिये।

धन्यवाद

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